केरल : आज पूरी दुनिया कोरोना महामारी से जूझ रही है तो ऐसे मुश्किल समय में वसुधैव कुटुंबकम की धारणा में विश्वास रखने वाला भारत कोरोना से जूझ रहे देशों की हरसंभव मदद कर रहा है। वहीं कई देशों में भारतीय मूल की नर्स भी अपने इसी सेवा भाव से लोगों का दिल जीत रहे हैं। ऐसे ही एक नर्स हैं शेरेन वर्गीज जो इन दिनों रातों रात सोशल मीडिया पर स्टार बन गई हैं।
दरअसल यूनिवर्सिटी ऑफ वॉलोंगोंग में शेरॉन वर्गीस ने लॉकडाउन के दौरान निस्वार्थ सेवा की अद्भुत मिसाल पेश की है। इसी से प्रभावित होते हुए पूर्व ऑस्ट्रेलियाई विकेटकीपर-बल्लेबाज एडम गिलक्रिस्ट ने शेरेन की जमकर तारीफ की।
गिलक्रिस्ट ने शेरॉन की तारीफ में कही ये बात
ऑस्ट्रेलियन ट्रेड एंड इंवेस्टमेंट कमीशन द्वारा ट्वीट किए गए वीडियो में गिलक्रिस्ट ने शेरॉन का आभार जताते हुए कहा कि ''शेरॉन मैं तुम्हें तुम्हारी निस्वार्थ सेवा के लिए बधाई देना चाहता हूं। पूरा ऑस्ट्रेलिया, पूरा भारत और सबसे महत्वपूर्ण तुम्हारा परिवार तुम पर गर्व करेगा। बधाई और इसी तरह काम करती रहो। हम सब आपके साथ हैं।''
ऑस्ट्रेलियन ट्रेड एंड इंवेस्टमेंट कमीशन द्वारा ट्वीट किए गए वीडियो में गिलक्रिस्ट ने शेरॉन का आभार जताते हुए कहा कि ''शेरॉन मैं तुम्हें तुम्हारी निस्वार्थ सेवा के लिए बधाई देना चाहता हूं। पूरा ऑस्ट्रेलिया, पूरा भारत और सबसे महत्वपूर्ण तुम्हारा परिवार तुम पर गर्व करेगा। बधाई और इसी तरह काम करती रहो। हम सब आपके साथ हैं।''
कौन हैं शेरॉन वर्गीस
शेरॉन भारत के करेल के कोट्टायम जिले की रहने वाली हैं। शेरॉन साल 2016 से ऑस्ट्रेलिया में हैं। वे कोरोना के इस मुश्किल घड़ी में भी ऑस्ट्रेलिया में वॉलोंगोंग केयर होम में लोगों की सेवा में जुटी हैं। वे 15 से 20 घंटे तक मरीजों की सेवा कर रही हैं। शेरॉन ने बाद में एक मलयालम चैनल को बताया कि वह वर्ल्ड कप विनर टीम के सदस्य एडम गिलक्रिस्ट की प्रशंसा पर वे काफी खुश हैं।
शेरॉन भारत के करेल के कोट्टायम जिले की रहने वाली हैं। शेरॉन साल 2016 से ऑस्ट्रेलिया में हैं। वे कोरोना के इस मुश्किल घड़ी में भी ऑस्ट्रेलिया में वॉलोंगोंग केयर होम में लोगों की सेवा में जुटी हैं। वे 15 से 20 घंटे तक मरीजों की सेवा कर रही हैं। शेरॉन ने बाद में एक मलयालम चैनल को बताया कि वह वर्ल्ड कप विनर टीम के सदस्य एडम गिलक्रिस्ट की प्रशंसा पर वे काफी खुश हैं।
गिलक्रिस्ट के अलावा यूनाइटेड नर्सेस एसोसिएशन ने भी शेरॉन की तारीफ की है। एसोसिएशन ने कहा कि यहां 20 लाख नर्सों में से कम से कम 15 लाख केरल की हैं। यूएनए की सचिव सुजानपॉल अच्युथन ने कहा, ''हमारी कम से कम दो लाख नर्सेस बाहर हैं। खाड़ी देशों के अलावा वे अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया और अन्य देशों में हैं। केरल की नर्सों में अपने काम के प्रति समर्पण है, सेवा भाव उनके खून में है।''
