🚨 कालीबाड़ी मंदिर समिति पर सोशल मीडिया आरोपों से बढ़ा विवाद, बंग समाज ने पुलिस से की कार्रवाई की मांग
📱 सोशल मीडिया पोस्ट से भड़का विवाद
प्रतिनिधिमंडल का कहना है कि सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर मंदिर समिति और उसके सदस्यों के खिलाफ आपत्तिजनक एवं भ्रामक टिप्पणियां प्रसारित की गईं, जिससे बंगाली समाज की धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। समाज के लोगों ने इसे सुनियोजित दुष्प्रचार बताते हुए नाराजगी जताई है।
📄 समिति ने पुलिस को सौंपे दस्तावेज
मंदिर समिति के सदस्य अर्नबदास गुप्ता ने बताया कि एक महिला द्वारा खमरिया स्थित कालीबाड़ी मंदिर को लेकर गंभीर आरोप लगाए गए थे, जिन्हें सोशल मीडिया के माध्यम से व्यापक रूप से वायरल किया गया। उनका कहना है कि मंदिर समिति ने अपने पक्ष में जरूरी दस्तावेज और साक्ष्य खमरिया थाना पुलिस को उपलब्ध करा दिए हैं।
इसके बावजूद अब तक संबंधित लोगों के खिलाफ कोई ठोस कार्रवाई नहीं होने से समाज में असंतोष बढ़ता जा रहा है।
⚠️ बंग समाज में नाराजगी, दुष्प्रचार का आरोप
शिकायतकर्ताओं ने आरोप लगाया कि झूठे आरोपों और सोशल मीडिया पर चलाए गए कथित दुष्प्रचार से न केवल मंदिर समिति की छवि धूमिल हुई है, बल्कि पूरे बंगाली समाज में आक्रोश का माहौल है। प्रतिनिधियों ने आशंका जताई कि यदि समय रहते उचित कार्रवाई नहीं हुई, तो भविष्य में इस तरह की घटनाएं और बढ़ सकती हैं।
👮 पुलिस अधीक्षक कार्यालय में सौंपा ज्ञापन
बंग समाज के प्रतिनिधियों ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर मामले की निष्पक्ष जांच कराने, सोशल मीडिया पर प्रसारित सामग्री की जांच करने तथा दोषी पाए जाने वालों के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई की मांग की है।
फिलहाल पुलिस अधिकारियों ने शिकायत प्राप्त कर मामले की जांच का आश्वासन दिया है। जांच पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
