🚨 बेटी लापता, पिता ने जताई अपहरण और वेश्यावृत्ति में धकेले जाने की आशंका
जबलपुर। अपनी बेटी के अचानक लापता हो जाने से परेशान एक पिता ने अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सूर्यकांत शर्मा को शिकायत सौंपकर गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़ित पिता ने आशंका जताई है कि उनकी बेटी का अपहरण कर उसे किसी गलत धंधे में धकेला जा सकता है। साथ ही उन्होंने पुलिस पर मामले में लापरवाही बरतने का आरोप भी लगाया है।
शिकायतकर्ता रामेश्वर तिवारी ने बताया कि उनकी बेटी तनिषा तिवारी का विवाह करीब पांच वर्ष पूर्व मझगवां क्षेत्र के ग्राम सरोंद निवासी संदीप दुबे से हुआ था। दोनों का एक चार वर्षीय बेटा भी है और परिवार सामान्य जीवन व्यतीत कर रहा था।
📍 ट्रेन से गई, फिर नहीं लौटी घर
परिजनों के अनुसार 29 अप्रैल को तनिषा अपने पति की सहमति से ट्रेन के जरिए कहीं गई थी। लेकिन इसके बाद वह वापस घर नहीं लौटी। जब काफी देर तक उसका कोई पता नहीं चला तो दामाद संदीप दुबे ने इसकी जानकारी परिवार को दी।
उस समय तक तनिषा का मोबाइल चालू था और परिजन लगातार उससे संपर्क करने की कोशिश कर रहे थे। परिवार को उम्मीद थी कि वह जल्द घर लौट आएगी, लेकिन समय बीतने के साथ चिंता बढ़ती चली गई।
📞 इलाहाबाद में होने की दी थी जानकारी
परिजनों ने बताया कि 3 मई को तनिषा ने फोन पर खुद के इलाहाबाद में होने की जानकारी दी थी। उसने यह भी कहा था कि वह रात करीब 11 बजे तक जबलपुर लौट आएगी।
लेकिन उसी दिन रात करीब 8:30 बजे अचानक उसका मोबाइल बंद हो गया। इसके बाद से अब तक उससे किसी भी प्रकार का संपर्क नहीं हो सका है। लगातार मोबाइल बंद आने से परिवार की चिंता और बढ़ गई।
⚠️ धमकी भरे कॉल का भी आरोप
शिकायत में यह भी उल्लेख किया गया है कि किसी अज्ञात व्यक्ति ने दामाद संदीप दुबे को फोन कर धमकी दी थी। इसके बाद परिवार तत्काल नुनसर चौकी और थाना पाटन पहुंचा, जहां पूरे घटनाक्रम की जानकारी देकर गुमशुदगी दर्ज कराई गई।
परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने केवल मोबाइल पर संपर्क कराने तक ही कार्रवाई सीमित रखी और युवती को तलाशने के लिए कोई ठोस प्रयास नहीं किए गए।
🛑 सुरक्षित बरामदगी की मांग
पीड़ित पिता ने अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक से मामले की गंभीरता से जांच कराने, बेटी को सुरक्षित बरामद करने और पूरे घटनाक्रम में शामिल आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई किए जाने की मांग की है।
