कैसे हुआ विवाद?
गुरुकुल स्कूल के छात्रों के बीच पहले से ही किसी बात को लेकर तनाव चल रहा था। इस विवाद ने सात दिसंबर को खतरनाक मोड़ लिया, जब पीयूष करोसिया नामक छात्र ने अपने दो साथियों दशरथ बाल्मीकि और एक अन्य नाबालिग के साथ मिलकर धनवंतरि नगर की पीएनटी कॉलोनी में बम फेंके। इन बमों में एक नीलेश राय नामक व्यक्ति के घर और दूसरा कॉलोनी के कमेटी हॉल के पास फेंका गया।
सीसीटीवी फुटेज से हुई पहचान
घटना के बाद इलाके में लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच की गई, जिसमें आरोपियों की करतूत साफ-साफ रिकॉर्ड हुई। फुटेज में तीनों छात्रों को वारदात को अंजाम देते हुए देखा गया। पुलिस ने फुटेज के आधार पर तुरंत कार्रवाई की और तीनों आरोपियों को हिरासत में ले लिया। धनवंतरि नगर पुलिस चौकी के एएसआई अनिल सिंह परिहार ने बताया कि फुटेज में छात्रों की गतिविधियां स्पष्ट दिखाई दे रही थीं।
पुलिस ने क्या कदम उठाए?
पुलिस ने पीयूष करोसिया, दशरथ बाल्मीकि और एक नाबालिग छात्र को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया कि छात्रों के बीच आपसी मनमुटाव और तनाव ही इस घटना का कारण था। पुलिस ने यह भी कहा कि बम फेंकने का उद्देश्य इलाके में दहशत फैलाना था।
स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल
घटना के बाद पीएनटी कॉलोनी और आस-पास के क्षेत्रों में लोग भयभीत हैं। स्थानीय निवासियों ने ऐसी घटनाओं पर कड़ी आपत्ति जताई है और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है। कॉलोनी निवासी नीलेश राय ने कहा कि ऐसी घटनाएं यहां पहले कभी नहीं हुईं और यह स्थिति चिंताजनक है।
