मध्यप्रदेश में मौसम का कहर! 52 जिलों में आंधी-तूफान, 45 जिलों में बारिश का अलर्ट
भोपाल। मध्यप्रदेश में भीषण गर्मी के बाद अब मौसम ने अचानक करवट ले ली है। हालांकि यह बदलाव राहत से ज्यादा परेशानी लेकर आया है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने प्रदेश के सभी 52 जिलों में तेज आंधी-तूफान और 45 जिलों में बारिश का अलर्ट जारी किया है।
3 साइक्लोनिक सर्कुलेशन बने वजह
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार मध्यप्रदेश के ऊपर इस समय तीन साइक्लोनिक सर्कुलेशन सक्रिय हैं। अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से लगातार नमी आ रही है, जिसके कारण प्रदेशभर में तेज हवाएं, गरज-चमक और बारिश की गतिविधियां बढ़ गई हैं।
7 जिलों में ऑरेंज अलर्ट
मौसम विभाग ने गुना, अशोकनगर, विदिशा, सीहोर, देवास, हरदा और बैतूल जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।
इन जिलों में 40 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज आंधी चलने की संभावना है। पेड़ गिरने और बिजली व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका जताई गई है।
45 जिलों में बारिश का अनुमान
भोपाल, इंदौर, उज्जैन, ग्वालियर, जबलपुर, रीवा, सागर, शहडोल, कटनी, छिंदवाड़ा, नरसिंहपुर, सिवनी, बालाघाट, मंडला, सतना, सीधी, सिंगरौली समेत प्रदेश के 45 जिलों में बारिश और गरज-चमक की संभावना जताई गई है।
किसानों के लिए विशेष एडवाइजरी
- कटाई योग्य फसलों की कटाई कुछ दिनों के लिए टाल दें।
- कटी हुई फसल को तिरपाल या सुरक्षित स्थान पर रखें।
- मंडी जाने से पहले मौसम का अपडेट जरूर देखें।
- खुले खेतों में कृषि कार्य करते समय सावधानी बरतें।
⚡ बिजली गिरने से बचाव के उपाय
- आंधी और बिजली कड़कने के दौरान खुले स्थानों पर न रहें।
- पेड़ों, बिजली खंभों और जलाशयों के पास खड़े होने से बचें।
- टीन शेड और अस्थाई ढांचों से दूर रहें।
- पालतू पशुओं को सुरक्षित और पक्के आश्रय में रखें।
- खराब मौसम में घर के अंदर रहना सबसे सुरक्षित है।
प्रशासन भी अलर्ट मोड पर
मौसम विभाग के अनुसार 10 जून तक प्रदेश में प्री-मानसून गतिविधियां जारी रहेंगी। संभावित आपात स्थितियों को देखते हुए प्रशासन ने सभी जिलों को सतर्क रहने और आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
